Citigroup CEO Jane Fraser इस वक्त ग्लोबल बैंकिंग सेक्टर में सबसे ज्यादा चर्चा का विषय बनी हुई हैं। जनवरी 2026 की शुरुआत होते ही जेन ने अपनी टीम को एक बहुत ही कड़ा संदेश दिया है। उनका साफ कहना है कि अब “कोशिश” के नंबर नहीं मिलेंगे, बल्कि सिर्फ “नतीजे” (Results) देखे जाएंगे।
सोचो अगर आप किसी ऐसी कंपनी में हो जो पिछले कई सालों से सुस्त पड़ी है, और अचानक आपका बॉस आकर कहे कि अब पुरानी आदतें छोड़नी होंगी—कुछ ऐसा ही माहौल अभी Citi के गलियारों में है।
Table of Contents
इस पोस्ट में हम जानेंगे:
- जेन फ्रेजर का नया ‘Transformation Plan’ क्या है?
- 1,000 नई छंटनी (Job Cuts) और 2026 का 20,000 का टारगेट।
- AI और Automation कैसे बैंक का पूरा काम करने का तरीका बदल रहे हैं।
Citigroup CEO Jane Fraser का कड़ा संदेश: ‘The Bar is Raised’
हाल ही में जेन फ्रेजर ने अपने 200,000 से ज्यादा कर्मचारियों को एक मेमो भेजा है जिसका टाइटल है “The Bar is Raised”। जेन का मानना है कि Citi का 80% से ज्यादा ट्रांसफॉर्मेशन पूरा हो चुका है। अब बैंक को एक “Winning Machine” बनाने का वक्त आ गया है।
जेन ने सीधे शब्दों में कहा है कि बैंक अब “Secondary Role” से संतुष्ट नहीं होगा। चाहे वो Investment Banking हो या Wealth Management, Citi को हर जगह लीडर बनना है। यही वजह है कि उन्होंने स्टाफ को ‘Commercial Mindset’ अपनाने की नसीहत दी है।
2026 का खाका: 20,000 जॉब कट्स और भारी बचत
Citigroup में चल रही छंटनी कोई नई बात नहीं है, लेकिन 2026 की डेडलाइन इसे और भी सीरियस बना देती है। Citigroup CEO Jane Fraser ने दो साल पहले जो प्लान शुरू किया था, उसका मकसद 20,000 नौकरियों को कम करना था।
- लेटेस्ट अपडेट: जनवरी 2026 के इस हफ्ते में ही करीब 1,000 लोगों को पिंक स्लिप दी जा रही है।
- Efficiency Goal: बैंक का लक्ष्य 2026 के अंत तक अपनी लागत (costs) में $2.5 billion की बचत करना है।
- Lean Model: मैनेजमेंट लेयर्स को कम करके बैंक को फुर्तीला बनाया जा रहा है ताकि फैसले जल्दी लिए जा सकें।
यही कारण है कि मार्केट एक्सपर्ट्स अब Citi के स्टॉक को लेकर थोड़े पॉजिटिव दिखने लगे हैं, क्योंकि बैंक अब फिजूलखर्ची रोकने में कामयाब हो रहा है।
AI और Automation का बढ़ता दखल
यहाँ दिलचस्प बात ये है कि ये छंटनी सिर्फ पैसे बचाने के लिए नहीं है। जेन फ्रेजर का फोकस अब AI (Artificial Intelligence) पर शिफ्ट हो गया है। बैंक का कहना है कि जैसे-जैसे वे पुराने सिस्टम्स (Legacy Systems) को रिटायर कर रहे हैं, AI उनकी जगह ले रहा है।
सिंपल लैंग्वेज में बोलें तो, जो काम पहले 10 लोग मिलकर करते थे, अब उसे स्मार्ट टूल्स और ऑटोमेशन की मदद से कम समय में किया जा रहा है। जेन ने स्पष्ट किया है कि कुछ रोल्स हमेशा के लिए खत्म हो जाएंगे, जबकि कुछ नए रोल्स पैदा होंगे। यह उन लोगों के लिए एक वेक-अप कॉल है जो अब भी पुराने ढर्रे पर काम करना चाहते हैं।
2025 के नतीजे और 2026 के Targets
अगर हम पिछले साल यानी 2025 के नंबर्स देखें, तो Citigroup CEO Jane Fraser की लीडरशिप में बैंक ने काफी प्रोग्रेस की है:
| Parameter | 2025 Performance | 2026 Target |
| Revenue | $85.2 Billion | 4-5% Growth (CAGR) |
| Net Income | $14.3 Billion | Improvement expected |
| RoTCE | ~9% | 10% – 11% |
| Capital Return | $17.6 Billion (Buybacks/Div) | Continued focus |
“2025 हमारे लिए प्रोग्रेस का साल था, लेकिन 2026 वो साल है जहाँ हमें अपनी असली ताकत दिखानी है।” — जेन फ्रेजर (Q4 Earnings Call)
जेन फ्रेजर की लीडरशिप: किसके लिए क्या मतलब?
1. निवेशकों (Investors) के लिए:
- बैंक अब शेयरधारकों को पैसा लौटाने (Buybacks) पर फोकस कर रहा है।
- अगर RoTCE 11% टच कर जाता है, तो शेयर की कीमत में बड़ा उछाल दिख सकता है।
- Risk: अभी भी रेगुलेटरी इश्यूज और पुरानी टेक्नोलॉजी पर काम बाकी है।
2. कर्मचारियों (Employees) के लिए:
- हाई-परफॉरमेंस कल्चर का दबाव रहेगा।
- AI और नई स्किल्स सीखना अब ऑप्शन नहीं, ज़रूरत है।
- अनिश्चितता का माहौल अभी 2026 के अंत तक बना रह सकता है।
Risk और चुनौतियाँ: क्या सब कुछ आसान होगा?
भले ही जेन फ्रेजर काफी कॉन्फिडेंट दिख रही हैं, लेकिन राह में कई रोड़े हैं:
- Market Volatility: अगर ग्लोबल इकोनॉमी में सुस्ती आती है, तो बैंकिंग रेवेन्यू पर असर पड़ेगा।
- Execution Risk: 20,000 लोगों को निकालना और साथ में बिजनेस बढ़ाना एक मुश्किल बैलेंस है।
- AI Adoption: नई टेक्नोलॉजी को पूरी तरह लागू करने में अक्सर उम्मीद से ज्यादा वक्त और पैसा लग जाता है।
- Employee Morale: लगातार होती छंटनी से बैंक के अंदर के टैलेंट का मनोबल गिर सकता है।
निष्कर्ष: क्या Citi अब बदलने वाला है?
Citigroup CEO Jane Fraser के नेतृत्व में Citi अपनी सबसे बड़ी सर्जरी से गुजर रहा है। जेन ने साफ़ कर दिया है कि वो बैंक को “Good” से “Great” बनाने के लिए कोई भी कड़ा फैसला लेने से पीछे नहीं हटेंगी। 2026 की शुरुआत में ही 1,000 नौकरियों की कटौती और AI पर जोर ये दिखाता है कि बैंक अब सुस्त नहीं रहना चाहता।
अगर आप एक इन्वेस्टर हैं, तो आपको बैंक के ‘Efficiency Ratio’ और ‘RoTCE’ पर नज़र रखनी चाहिए। अगले कुछ क्वार्टर्स यह तय करेंगे कि जेन का यह “High Stakes” दांव कितना सही बैठता है।
Next Steps:
- Citi के Q1 2026 के नतीजों का इंतज़ार करें।
- देखें कि AI इंटीग्रेशन से बैंक की लागत वाकई कितनी कम हो रही है।
- किसी भी निवेश से पहले अपने Financial Advisor से सलाह ज़रूर लें।
FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
Q1: Citigroup में 2026 में कितनी और छंटनी होगी?
बैंक ने 2026 के अंत तक कुल 20,000 नौकरियों को खत्म करने का लक्ष्य रखा है। जनवरी 2026 तक इसमें से काफी हिस्सा पूरा हो चुका है, लेकिन अभी भी कुछ हजार और कटौती बाकी है।
Q2: जेन फ्रेजर का ‘The Bar is Raised’ मेमो क्या है?
यह एक इंटरनल मेमो है जिसमें CEO ने कर्मचारियों को चेतावनी दी है कि अब सिर्फ मेहनत नहीं, बल्कि रिज़ल्ट्स मायने रखेंगे। बैंक अब अपनी पुरानी सुस्त इमेज को पूरी तरह खत्म करना चाहता है।
Q3: क्या Citigroup का स्टॉक 2026 में खरीदना सही है?
यह आपकी रिस्क प्रोफाइल पर निर्भर करता है। बैंक का RoTCE टारगेट 11% है, जो अगर पूरा होता है तो स्टॉक के लिए अच्छा होगा। अधिक जानकारी के लिए Citi Investor Relations देख सकते हैं।
Q4: AI का सिटीग्रुप पर क्या असर पड़ेगा?
AI की वजह से कई बैक-ऑफिस और रूटीन काम ऑटोमेट हो रहे हैं। इससे बैंक की लागत कम होगी और परफॉरमेंस बेहतर होगी, लेकिन इससे कई ट्रेडिशनल जॉब्स खत्म हो रही हैं।
Disclaimer
यह आर्टिकल केवल एजुकेशनल और इंफॉर्मेशनल पर्पस के लिए है। यह किसी भी तरह की फाइनेंशियल एडवाइस या स्टॉक खरीदने/बेचने की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है, कृपया निवेश से पहले खुद रिसर्च करें या एक्सपर्ट से सलाह लें।
